दिल्ली की रेखा गुप्ता सरकार ने प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए एक साथ कई बड़े ऐलान किये हैं. दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने आशा सम्मेलन-2026 के दौरान बताया कि आशा कार्यकर्ताओं की प्रोत्साहन राशि को बढ़ाकर दोगुनी कर दी गई है. इसके अलावा अंगदान-प्रत्यारोपण, नवजात शिशुओं की जांच और नर्सिंग होम की व्यवस्थाओं से जुड़े नए प्रावधान भी शुरू किए गए हैं.
मुख्यमंत्री ने अपने आधिकारिक एक्स हैंडल पर बताया कि ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत आयोजित कार्यक्रम में उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू के साथ दिल्ली की स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़ी इन पहलों को आगे बढ़ाया गया. इस दौरान कैबिनेट सहयोगी डॉ. पंकज कुमार सिंह के अलावा बड़ी संख्या में आशा कार्यकर्ता मौजूद रहीं.
दिल्ली HC ने पुलिस के बॉडी कैमरा याचिका को किया खारिज, केंद्र से विचार करने को कहा
6690 आशा कार्यकर्ताओं को मिलेगा सीधा लाभ
सरकार के फैसले का सबसे सीधा असर दिल्ली की 6690 आशा कार्यकर्ताओं पर पड़ेगा. इन स्वास्थ्यकर्मियों के लिए प्रोत्साहन राशि अब 3000 रुपए के बजाय 6000 रुपए होगी. आशा कार्यकर्ता घर-घर जाकर स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़ी गतिविधियों में अहम भूमिका निभाती हैं. सरकार का कहना है कि प्रोत्साहन राशि बढ़ने से उन्हें आर्थिक सहारा मिलेगा और जमीनी स्तर पर स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच को भी मजबूती मिलेगी.
GB Pant Hospital में SOTTO की शुरुआत
कार्यक्रम में GB Pant Hospital में SOTTO की शुरुआत भी की गई. इसका उद्देश्य अंगदान और अंग प्रत्यारोपण की प्रक्रिया में बेहतर तालमेल कायम करना है. व्यवस्था मजबूत होने से अंगदान से जुड़े विभिन्न चरणों के बीच समन्वय बेहतर करने और जरूरतमंद मरीजों तक समय पर सहायता पहुंचाने में मदद मिलने की उम्मीद है.
ANMOL योजना के तहत नवजातों की 56 स्वास्थ्य स्थितियों की मुफ्त जांच
वहीं, दिल्ली में नवजात शिशुओं के स्वास्थ्य को लेकर ANMOL योजना का भी विस्तार किया गया है. इसके तहत नवजात बच्चों की 56 स्वास्थ्य स्थितियों की जांच नि:शुल्क की जा रही है. इसका मकसद स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं को शुरुआती स्तर पर पहचानना है, ताकि जरूरत पड़ने पर उपचार में देरी न हो. नवजात अवस्था में बीमारी की पहचान जितनी जल्दी हो, आगे की चिकित्सा प्रक्रिया उतनी ही बेहतर तरीके से शुरू की जा सकती है.
नर्सिंग होम के लिए नया पोर्टल
सरकार ने Nursing Home Management System Portal भी शुरू किया है. इसके जरिए नर्सिंग होम से जुड़ी प्रक्रियाओं को आसान बनाने के साथ-साथ उनमें पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाने पर जोर दिया गया है.
मुख्यमंत्री ने कहा कि, स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक सुलभ बनाना और स्वास्थ्य सुरक्षा का लाभ समाज के अंतिम छोर तक पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता है. उन्होंने कहा कि सेवा में लगे लोगों को उचित सम्मान और सहयोग मिलना भी इसी दिशा का हिस्सा है.
दिल्ली के सीमापुरी में बड़ा हादसा, 5 मंजिला इमारत ढही, कई लोगों के दबने की आशंका
