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Weather: भयंकर गर्मी से राहत! राजस्थान-उत्तराखंड में आंधी के साथ बारिश, दिल्ली-यूपी समेत जानें देश के मौसम का हाल


भारत के उत्तर-पश्चिम हिस्से में मौसम में भारी बदलाव की स्थिति देखने को मिल रही है, जिसने राजस्थान के बड़े हिस्से में तेज बारिश के साथ आंधी-तूफान की स्थिति भी पैदा कर दी है और आने वाले दिनों में इसके और ज्यादा विकसित होने की भी संभावना जताई जा रही है. हालांकि, मौसम का मिजाज राजस्थान की राजधानी जयपुर में देखने को मिला है, जहां शनिवार (2 मई, 2026) को दिन में तेज आंधी के बीच भारी बारिश भी हुई है. वहीं, उत्तराखंड के मसूरी और खतिमा से भी मौसम में भारी बदलाव की तस्वीरें सामने आईं हैं.

मसूरी और खतिमा के कई हिस्सों में शनिवार (2 मई) को आसमान में काले बादल छाए रहे, तेज आंधी और बिजली की गरज-चमक के साथ भारी बारिश भी होती है, जबकि कुछ इलाकों में ओले पर गिरे. मौसम में आए इस बदलाव ने पिछले कई दिनों से लगातार बढ़ी रही भीषण गर्मी से लोगों को राहत दी है. भारतीय मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, मौसम का यह भारी बदलाव फिलहाल हरियाणा, पंजाब और उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों को प्रभावित कर रही है और धीरे-धीरे यह दक्षिण दिशा की तरफ बढ़ते हुए उत्तरी मध्य प्रदेश की तरफ जा रही है.

राजस्थान के कई जिलों में आंधी-बारिश और बिजली गिरने की घटनाएं

मौसम एक्सपर्ट्स का कहना है कि इस वक्त राजस्थान के कई जिलों में तेज आंधी, भारी बारिश और बिजली गिरने की घटनाएं देखी जा रही हैं. वहीं, हरियाणा और उत्तरी मध्य प्रदेश के कुछ इलाकों में भी छिटपुट बारिश और स्थानीय स्तर पर तूफानी गतिविधियां बढ़ रही हैं, क्योंकि मौसम तेजी से अपने रूप में विस्तार कर रहा है.

क्या दिल्ली-एनसीआर में होगी बारिश?

मौसम विभाग के मुताबिक, आसपास के कई इलाकों में भारी मौसमी बदलाव देखे जा रहे हैं, इसके बावजूद दिल्ली-एनसीआर का मौसम फिलहाल साफ बना हुआ है. हालांकि, मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि यह स्थिति जल्द ही बदल सकती है.

IMD ने कहा कि एक बड़ा और एक्टिव ट्रफ, जो मौजूदा अस्थिरता का मुख्य कारण है, इस इलाके में मजबूत हो रहा है. यह ट्रफ अरब सागर और बंगाल की खाड़ी दोनों से नमी से भरी हवाओं को खींच रहा है, जिससे मौसम के और ज्यादा बिगड़ने की स्थिति बन रही है.

4 से 7 मई के बीच मौसम में हो सकता है भारी बदलाव

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, 4 मई से 7 मई, 2026 के बीच कई मजबूत वेस्टर्न डिस्टर्बेंस एक्टिव हो सकते हैं. ये वेदर सिस्टम उत्तर-पश्चिम भारत के बड़े हिस्से को प्रभावित करते हुए भारी बारिश, गरज-चमक और तेज हवाएं ला सकते हैं. हालांकि, दिल्ली-एनसीआर के लिए सबसे बड़ा सवाल समय का है. क्योंकि अभी आसमान साफ है, लेकिन आसपास सक्रिय सिस्टम को देखते हुए आने वाले दिनों में बारिश और तूफान की संभावना बढ़ रही है.

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