बहुजन समाज पार्टी की मुखिया मायावती ने उत्तर प्रदेश स्थित नगीना से सांसद और आजाद समाज पार्टी (कांशीराम)के नेता चंद्रशेखर आजाद पर बयान दिया था. अब उनके इस बयान पर आजाद की पहली प्रतिक्रिया आई है. आजाद ने बसपा चीफ के बयान पर खुशी जताते हुए कहा बहनजी ने यह मान लिया है कि आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) एक बड़ी ताकत बन गई है.
नगीना सांसद ने कहा कि बहन जी के प्रति मेरे मन में सदैव सम्मान रहा है. उसी सम्मान के साथ उनसे कहना चाहता हूं कि नगीना की जनता ने 2024 के लोकसभा चुनाव में मुझे 5 लाख 12 हजार 552 वोट देकर अपना प्रतिनिधि चुना. मेरे लिए यह केवल चुनावी जीत नहीं, बल्कि नगीना की जनता के भरोसे और प्रेम की जिम्मेदारी है. इस जनादेश के लिए मैं नगीना की जनता का सदैव ऋणी रहूंगा.
उन्होंने लिखा कि चुनाव प्रक्रिया और EVM की पारदर्शिता को लेकर सवाल उठाना लोकतंत्र में सभी का अधिकार है. मैं स्वयं भी चुनाव प्रक्रिया में अधिकतम पारदर्शिता और मतपत्र से चुनाव की मांग करता रहा हूं. लेकिन नगीना की महान जनता ने जिस प्रेम और विश्वास के साथ मुझे अपना प्रतिनिधि चुना, उस जनादेश को किसी षड्यंत्र से जोड़ने से उन लाखों मतदाताओं की भावना भी आहत होती है, जिन्होंने अपने विवेक से मतदान किया.
संवाद, सम्मान और भाईचारा…
सांसद ने लिखा कि मेरी राजनीति किसी व्यक्ति के विरोध पर नहीं, बल्कि बहुजन समाज के सम्मान, सामाजिक न्याय और संविधान की रक्षा के संघर्ष पर आधारित है. मतभेद हो सकते हैं, लेकिन बहुजन समाज के बीच संवाद, सम्मान और भाईचारा बना रहना चाहिए.
उन्होंने लिखा कि बहन जी के प्रति मेरा सम्मान कल भी था, आज भी है और आगे भी सदैव रहेगा. आपके आशीर्वाद की प्रतीक्षा हमेशा रहेगी. बस अंत में इतना कहना चाहता हूं कि बहन जी आपके आशीर्वाद से हमारी पार्टी का नाम आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) है, आजाद समाजवादी पार्टी नहीं.
आजाद ने सोशल मीडिया साइट एक्स पर लिखा- बहन जी द्वारा आज की प्रेस कॉन्फ्रेंस में चुनाव आयोग, EVM और नगीना लोकसभा चुनाव के संबंध में मेरे बारे में कही गई बातों को मैंने सुना. खैर, बहनजी का लिखित प्रेस नोट कहीं से भी लिखकर आया हो, लेकिन मुझे खुशी इस बात की है कि जो लोग कभी कहते थे, “कौन चंद्रशेखर?”, उन्हें इस देश की जनता ने बता दिया कि हमारे लिए लड़ने वाला, सड़क पर संघर्ष करने वाला चंद्रशेखर कौन है.
