Headlines

‘सच क्या है बताता हूं…’, सहर शेख के पिता ने जॉइन की शिवसेना तो बोले वारिस पठान


महाराष्ट्र के ठाणे नगर महापालिका की नवनिर्वाचित AIMIM पार्षद सहर यूनुस शेख के पिता यूनुस शेख ने हाल ही में एकनाथ शिंदे की शिवसेना से हाथ मिलाया है. सहर वही पार्षद हैं, जिन्होंने जीत के बाद दावा किया था पूरे मुंब्रा को ‘हरा’ कर देंगी. अब उनके पिता के शिवसेना में शामिल होने की खबरें आने लगीं, जिसे भगवा रंग से जोड़कर देखा जाता है. इस बीच विरोधी दल तंज कसते नजर आए. इसपर अब AIMIM नेता वारिस पठान ने वीडियो जारी कर ‘सच्चाई’ बताई है.

वारिस पठान ने वीडियो शेयर कर कहा, “सुबह से मुझे काफी लोगों के फोन आए और लोग बोलने लगे कि वारिस भाई AIMIM की मुंब्रा-कलवा की पार्षद सहर यूनुस शेख के पिता ने जाकर शिवसेना का दामन थाम लिया. वह शिवसेना में चले गए. मैंने कहा ठीक है. इसके बाद मैंने सहर से बात की. उनके काफी देर तक मेरी बातचीत होती रही. उन्होंने मुझे सबकुछ बताया और साफ किया कि वारिस भाई मैं AIMIM की कॉर्पोरेटर थी हूं और रहूंगी.”

भारत के प्रोटेस्ट की तुलना बांग्लादेश हिंसा से, भड़कीं प्रियंका चतुर्वेदी- ‘वहां हिंदुओं को…’

‘यूनुस शेख ने पार्टी नहीं, एक यूनिट जॉइन की है’

वारिस पठान ने बताया, “सहर के पिता यूनुस शेख का काम केबल का है. वह पिछले 30 बरस से केबल चलाते हैं. उनके केबल का कुछ संस्थान है, वह उस संस्थान का हिस्सा बन गए. दूसरी बड़ी बात यह है कि यूनुस शेख AIMIM के किसी भी पद पर नहीं थे. वह पार्टी में थे ही नहीं, अपनी मन मनमर्जी के मालिक थे. वह बस हमारी पार्षद के पिता हैं, जहां जाना चाहें जा सकतेह हैं, लेकिन इस खबर के बाद लोगों ने बवाल मचा दिया.”

‘एक ही परिवार के लोग अलग पार्टियों में रह सकते हैं’

AIMIM नेता ने कहा, “अरे भाईसाहब, क्या भारत में पहली बार ऐसा हुआ है? हमने खुद देखा है कि पिता एक पार्टी में हैं, उनकी बेटी दूसरी में और बेटा किसी और पार्टी में है. भारत में हर जगह ऐसा होता है लेकिन AIMIM स्पष्ट रूप से बता देना चाहती है कि सहर यूनुस शेख कहीं नहीं गई हैं. वह हमारी पार्टी में थीं, हैं और रहेंगी.”

हालांकि, वारिस पठान ने यह बात स्पष्ट की कि खुद सहर के पिता यूनुस शेख ने वीडियो जारी कर साफ कहा कि वह एक यूनिट का हिस्सा बन रहे हैं. बाकी उनका शिवसेना से कोई लेना-देना नहीं है.

‘कैसा हराया…’, AIMIM पार्षद सहर शेख के पिता शिंदे गुट में शामिल, सियासी चर्चा तेज



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *