दिल्ली स्थित रामलीला मैदान में 1 नवंबर को इंडिया अलायंस की रैली से पहले 30 अक्टूबर को एक प्रेस वार्ता में लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और समाजवादी पार्टी के सांसद धर्मेंद्र यादव के बीच अनोखी बातचीत नजर आई.
भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के नेता राहुल गांधी ने प्रेस वार्ता में अपनी बात रखी. इसके बाद राहुल ने उत्तर प्रदेश स्थित आजमगढ़ सांसद से कहा- बोलिए. इसके बाद राहुल ने कहा- बोलिए, बोलिए, हिन्दी में बोलिए. तब धर्मेंद्र ने माइक संभाला और अपनी बात रखी. करीब 8 मिनट की प्रेस वार्ता में राहुल और धर्मेंद्र के बीच यह बातचीत 4 मिनट 9 सेकेंड से देखी जा सकती है.
प्रेस वार्ता में समाजवादी पार्टी के सांसद धर्मेंद्र यादव ने कहा, मेरा मानना है कि देश की जनता अब राहुल गांधी, अखिलेश यादव और पूरे विपक्ष द्वारा किए जा रहे संघर्ष को समझने लगी है. जनता को यह समझ आ गया है कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) के जीत के दावे केवल एक दिखावा हैं.
यह चुनाव में हेरफेर और प्रबंधन का एक तरीका- आजमगढ़ सांसद
आजमगढ़ सांसद ने कहा कि असल में यह चुनाव में हेरफेर और प्रबंधन का एक तरीका है, जिसमें EVM से लेकर वोटर लिस्ट तक सब कुछ शामिल है. इसके अलावा, उत्तर प्रदेश में कल आए नतीजों ने BJP को यह दिखा दिया है कि वे असल में कितने पीछे हैं.
सपा नेता ने कहा कि अखिलेश यादव रामलीला मैदान की रैली में शामिल होंगे. MLC नतीजों ने विपक्ष को मजबूत किया है और लोगों को राहुल गांधी के आंदोलन के पीछे के संघर्ष का एहसास हो गया है.
इसके बाद पत्रकारों से एक अन्य वार्तालाप में MLC चुनावों पर समाजवादी पार्टी के सांसद धर्मेंद्र यादव ने कहा कि मुझे विश्वास है कि इस चुनाव के नतीजे देश के लिए ऐतिहासिक होंगे, क्योंकि उत्तर प्रदेश की जनता अब अखिलेश यादव को अपने मुख्यमंत्री के रूप में देखती है.
धर्मेंद्र ने कहा कि मैं अपने उन सभी साथियों को बधाई देना चाहता हूँ जो जीते हैं. साथ ही, मैं उन सभी लोगों का दिल से आभार व्यक्त करता हूँ जिन्होंने मतगणना की प्रक्रिया को सुचारू रूप से पूरा करने के लिए दिन-रात मेहनत की.
