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Aaj Ka Mesh Rashifal 3 November 2026: 5वें चंद्रमा और गजकेसरी योग से सांसारिक सुखों में वृद्धि, बिजनेस प्रॉपर्टी का बड़ा सपना सच व पैतृक विवाद हल


Aaj Ka Mesh Rashifal 3 November 2026: ज्योतिषाचार्य पंडित सुरेश श्रीमाली के अनुसार, चंद्रमा आज पूरे दिन-रात आपकी राशि से 5वें भाव यानी पंचम भाव (संतान, बुद्धि, ज्ञान, रचनात्मकता, निर्णय क्षमता व सांसारिक सुख स्थान) में सिंह राशि में संचरण कर रहे हैं। पंचम भाव में चंद्रमा की उपस्थिति के शुभ प्रभाव से आप भौतिक और सांसारिक सुख-सुविधाओं का भरपूर आनंद उठाएंगे। हालांकि, सिंह राशि में चंद्रमा पर केतु की युति से बन रहे ग्रहण दोष के कारण मन में अचानक कोई अज्ञात भ्रम या संशय न आने दें।

आज का पंचांग और ग्रह गोचर (Aaj Ka Panchang 3 November 2026)

  • दिनांक: 3 नवंबर 2026, मंगलवार
  • तिथि: कार्तिक कृष्ण पक्ष नवमी तिथि सुबह 11:55 बजे तक, तत्पश्चात दशमी तिथि
  • नक्षत्र: पूरे दिन-रात मघा नक्षत्र रहेगा
  • शुभ योग: वाशि योग, आनन्दादि योग, सुनफा योग, लक्ष्मीनारायण योग, पारिजात योग, बुधादित्य योग, गजकेसरी योग, शुक्ल योग और केंद्रस्थ शुक्र के प्रभाव से आपकी राशि में मालव्य योग
  • अशुभ योग: चंद्रमा सिंह राशि में केतु के साथ युति में रहने से चंद्रमा-केतु का ग्रहण दोष प्रभावी रहेगा
  • चंद्र गोचर: चंद्रमा पूरे दिन-रात सिंह राशि (आपकी राशि से 5वें भाव) में संचरण करेंगे
  • शुभ मुहूर्त (चौघड़िया):
  • दोपहर काल: दोपहर 12:15 से 02:00 बजे तक (लाभ-अमृत का चौघड़िया)
  • अशुभ समय (राहुकाल): दोपहर 03:00 से शाम 04:30 बजे तक राहुकाल रहेगा (इस दौरान नए वित्तीय सौदे या जोखिम भरे कार्य शुरू करने से बचें)
  • शुभ यात्रा दिशा: उत्तर दिशा

1. बिजनेस और वित्तीय प्रबंधन (Business & Property Deals)

बिजनेस प्लानिंग आगे बढ़ने से तनाव मुक्त, दोपहर में करें शुरुआत: व्यापारिक मोर्चे पर पहले से तय किसी महत्वपूर्ण योजना या प्रोजेक्ट के आगे बढ़ जाने (प्रोग्रेस होने) से आप पर से काम का अतिरिक्त दबाव काफी हल्का हो जाएगा। यदि आप अपने कारोबार में किसी बिल्कुल नए कार्य की शुरुआत (New Venture/Project) करने की योजना बना रहे हैं, तो इसके लिए दोपहर 12:15 से 02:00 बजे के मध्य (लाभ-अमृत का चौघड़िया) कदम उठाना अत्यंत अनुकूल और मंगलकारी साबित होगा।

प्रॉपर्टी का सपना सच, पैतृक विवाद आपसी सहमति से हल: बिजनेस से जुड़ी किसी व्यावसायिक प्रॉपर्टी, दुकान, ऑफिस या प्लॉट की खरीद-फरोख्त (Sale & Purchase) से जुड़ा आपका कोई बहुत बड़ा सपना आज साकार हो सकता है। इसके साथ ही, पुश्तैनी कारोबार (Ancestral Business) से जुड़े लंबे समय से अटके पुराने विवाद और मतभेद आज आपसी बातचीत और सहमति से पूरी तरह सुलझ जाएंगे।

2. करियर और नौकरी (Career & Job)

सीनियर से मिलेगा एप्रिसिएशन, खुलकर रखें अपनी सलाह: नौकरीपेशा जातकों (Employed Persons) के लिए कार्यक्षेत्र में दिन काफी सकारात्मक रहेगा। कुछ महत्वपूर्ण मामलों में सीनियर्स और उच्चाधिकारियों से आपको भरपूर सराहना व एप्रिसिएशन प्राप्त होगा। आपकी दी गई सलाह और सुझाव आज ऑफिस में बहुतों के काम आएंगे, इसलिए किसी भी आधिकारिक मीटिंग में अपनी बात कहने में संकोच या झिझक बिल्कुल न करें।

अपोजिट जेंडर का सहयोग, गति पकड़ेंगे प्रोजेक्ट्स: वर्कप्लेस पर आपको विपरीत लिंग (Opposite Gender) के सहकर्मियों से समय पर उचित मदद और सहयोग मिलेगा, जिसकी बदौलत आपके रुके हुए प्रोजेक्ट्स तेजी से गति पकड़ेंगे और समय पर पूरे होंगे।

3. लव, फैमिली, छात्र व स्वास्थ्य (Family, Travel & Education)

फैमिली संग ट्रैवलिंग के योग, खुले दिल से करें मदद: आज बन रहे शुक्ल योग और गजकेसरी योग के प्रभाव से आप अपने परिवार के साथ किसी मनोरंजक या धार्मिक यात्रा (Family Travelling) का हिस्सा बन सकते हैं। घर-परिवार में सभी सदस्यों की खुले दिल से मदद करें, जिससे आपसी प्रेम और सौहार्द मजबूत होगा।

एग्जाम के डर से दूर रहें प्रतियोगी छात्र: प्रतियोगी परीक्षाओं (Competitive Exams) की तैयारी कर रहे विद्यार्थी मन में परीक्षा का कोई भी काल्पनिक डर या तनाव न पालें। केवल निरंतर रिवीजन और सिलेबस के सभी प्रश्नों पर अपना ध्यान केंद्रित रखें; जो प्रश्न अधिक महत्वपूर्ण लगें, उन्हें अपनी पर्सनल नोटबुक में पॉइंट-टू-पॉइंट नोट करते चलें।

स्वास्थ्य का रखें ध्यान: पंचम भाव में ग्रहण दोष के प्रभाव से पेट में हल्की गर्मी या एसिडिटी की शिकायत हो सकती है। भोजन में तीखे-मसालेदार पदार्थों से परहेज करें, पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं और दिनचर्या को संतुलित रखें।

लकी कलर: पर्पल (बैंगनी)

लकी नंबर: 1

अनलकी नंबर: 6

मंगलवार विशेष अचूक उपाय: मंगलवार और मघा नक्षत्र के पावन संयोग पर चंद्रमा-केतु के ग्रहण दोष को शांत करने और गजकेसरी योग के शुभ फलों को प्राप्त करने हेतु प्रातः काल हनुमान जी के मंदिर में जाकर चमेली के तेल में सिंदूर मिलाकर चोला चढ़ाएं अथवा हनुमान जी के चरणों का सिंदूर अपने माथे पर लगाएं। ‘हनुमान चालीसा’ या ‘बजरंग बाण’ का पाठ करें। शिवलिंग पर शुद्ध जल में थोड़ा सा कच्चा दूध और काले तिल मिलाकर अभिषेक करें तथा ‘ॐ नमः शिवाय’ मंत्र का जप करें। किसी जरूरतमंद या बटुक को गुड़, भुने चने या लाल फल का दान करें। इससे ग्रहण दोष का दुष्प्रभाव समाप्त होगा, प्रॉपर्टी से जुड़े सौदों में लाभ मिलेगा और कार्यक्षेत्र में मान-सम्मान की वृद्धि होगी।

Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.



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