Headlines

दीदी को चिंता है…हिंदू ज्यादा हो गए तो सड़कों पर इफ्तारी कैसे होगी? बंगाल में गरजे CM योगी आदित्यनाथ


उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पश्चिम बंगाल के दौरे में तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) पर जोरदार हमला बोला. उन्होंने दो-टूक कहा कि ममता दीदी ने इसीलिए सीएए का विरोध किया था, क्योंकि उन्हें चिंता है कि हिंदू ज्यादा हो गए तो सड़कों पर इफ्तारी कैसे होगी?

बंगाल में अराजकता के लिए टीएमसी को जिम्मेदार ठहराते हुए सीएम ने कहा कि यह पार्टी लोकतंत्र में विश्वास नहीं करती. पहले चरण के मतदान में इन लोगों ने बीजेपी नेताओं व प्रत्याशियों पर हमला किया, सबने इनकी गुंडागर्दी देखी. लेकिन, 4 मई को जब परिणाम आएगा तो टीएमसी के गुंडों को छिपने की जगह नहीं मिलेगी.

सीएम योगी ने कहा कि बंगाल अब अराजकता स्वीकार नहीं करेगा. कांग्रेस, कम्युनिस्टों और टीएमसी ने बंगाल के माथे पर लूटपाट का जो कलंक लगाया है, अब उससे मुक्त होने का समय है. बंगाल के लोगों ने डबल इंजन सरकार लाने का फैसला किया है, जो डबल स्पीड से काम करेगी.

UP Politics: यूपी 2027 चुनाव में CM योगी ही होंगे बीजेपी का चेहरा, अखिलेश यादव बोले- वो काला चश्मा लगाकर…

जनसभा में हजारों की भीड़ ने लगाए ‘योगी-योगी’ के नारे

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शनिवार (25 अप्रैल) को नबद्वीप विधानसभा क्षेत्र से बीजेपी उम्मीदवार श्रुति शेखर गोस्वामी के पक्ष में जनसभा को संबोधित कर रहे थे. उन्होंने नबद्वीप की आध्यात्मिक धरा और चैतन्य महाप्रभु को प्रणाम किया. यहां भीषण गर्मी में भी सीएम योगी के प्रति बंगालवासियों का लगाव स्पष्ट दिखाई दिया. जनसभा में हजारों की भीड़ लगातार ‘योगी-योगी’ का नारा लगाती रही.

सीएम ने इस स्नेह के लिए मतदाताओं का आभार भी जताया. सीएम योगी ने पहले चरण में 152 सीटों पर रिकॉर्ड मतदान के लिए मतदाताओं का अभिनंदन किया. उन्होंने कहा कि हर मतदाता के मन में भाव था कि बंगाल को टेरर, माफियाराज व करप्शन से मुक्ति दिलाकर फिर से भारत की पहचान का प्रतीक बनाना है और बीजेपी की डबल इंजन सरकार लाना है. उस समय (23 अप्रैल, मतदान दिवस) के नजारे बता रहे थे कि जब 4 मई को परिणाम आएंगे तो नबद्वीप का केसरिया झंडा बंगाल में हर ओर लहराता दिखाई देगा.

चैतन्य महाप्रभु ने सनातन ध्वज को किया था स्थापित

सीएम योगी ने कहा कि 500 साल पहले चैतन्य महाप्रभु ने हरे कृष्णा, हरे रामा की मधुर धुन के माध्यम से दुनिया को आकर्षित कर भारत के सनातन ध्वज को वैश्विक पटल पर स्थापित करने का जो कार्य किया था, आज वही कार्य इस्कॉन के संन्यासी कर रहे हैं. वे भगवान श्रीकृष्ण की लीलास्थली वृंदावन पर यह गान करते हुए भक्ति प्रवाह को प्रचारित करते हैं. उनका भक्ति का संदेश हिंदू समाज को जाति-पाति से उठकर ईश्वर के प्रति सर्वस्व समर्पण करने की प्रेरणा देने के साथ ही राष्ट्रवाद को नई ऊंचाई प्रदान करने वाला भी है.

‘बंगाल ल ने भारत को सब कुछ दिया, फिर भी छल हुआ’

सीएम योगी ने कहा कि बंगाल ने भारत को सब कुछ दिया, फिर भी उसके साथ खूब छल हुआ. उन्होंने बंगाल की धरा पर जन्मे संतों, स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों, समाज सुधारकों, वैज्ञानिकों व अन्य विभूतियों का नाम लेकर उनके प्रति श्रद्धा निवेदित की. कहा कि एक समय नबद्वीप और बंगाल ने भारत को पहचान दी, लेकिन आज उस बंगाल के सामने स्वयं पहचान का संकट खड़ा हुआ है. यह संकट खड़ा किया टेरर, माफियाराज व करप्शन की प्रतीक बनी टीएमसी सरकार ने.

बीजेपी कार्यकर्ता संजय भौमिक की निर्ममतापूर्वक हत्या कर दी गई और तृणमूल के गुंडे खुलेआम घूम रहे हैं. बंगाल में लैंड, सैंड, कैटल माफिया हावी हैं. टीएमसी के गुंडे दिल्ली से भेजे गए पैसे हड़प जाते हैं, लेकिन अब बंगाल जाग गया है. यहां कटमनी, अराजकता का खेल समाप्त होगा.

‘घुसपैठी टीएमसी सरकार से मुक्ति का समय आ गया है’

सीएम ने मतदाताओं से कहा कि आपके हक पर घुसपैठियों से डकैती डलवाने वाली टीएमसी सरकार से मुक्ति का समय आ गया है, क्योंकि जो काम भारत और बंगाल के हित में है, टीएमसी उसका विरोध करती है. संसद में प्रधानमंत्री मोदी सीएए (सिटिजनशिप अमेंडमेंट एक्ट) का प्रस्ताव लेकर आए तो टीएमसी ने विरोध किया. यह एक्ट गारंटी देता है कि पाकिस्तान, बांग्लादेश, अफगानिस्तान से किसी हिंदू, बौद्ध, जैन व सिख को प्रताड़ित कर भारत भेजा गया है और वह पांच साल से अधिक समय से यहां रह रहा है तो उसे भारत की नागरिकता मिलेगी.

इसी एक्ट के कारण बंगाल के अंदर काफी संख्या में नागरिकता दी गई, लेकिन ममता दीदी को यह बुरा लगता है. उन्हें चिंता है कि हिंदू ज्यादा होगा तो सड़कों पर इफ्तारी कैसे होगी. लेकिन, यूपी में कोई सड़क पर नमाज या इफ्तार पार्टी नहीं कर सकता. वहां मस्जिद से आवाज भी नहीं आती.

‘ममता दीदी दुर्गा पूजा और हिंदुओं का विरोध करती हैं’

सीएम योगी ने कहा कि बंगाल में ममता दीदी दुर्गा पूजा, मूर्ति विसर्जन और हिंदुओं का विरोध करती हैं. जय श्री राम बोलने पर प्रतिबंध लगाती हैं. कोलकाता हाईकोर्ट को आदेश देना पड़ा था कि दुर्गापूजा की शोभायात्रा पर जो लोग सरेआम हमला कर रहे हैं, बंगाल में अव्यवस्था फैला रहे हैं, उन पर सख्ती की जानी चाहिए, परंतु तृणमूल सरकार ने कोई कार्रवाई नहीं की.

लेकिन, मैं स्पष्ट करना चाहता हूं कि बंगाल की धरा पर मां काली-मां दुर्गा की पूजा कोई नहीं रोक सकता, ऐसा करने वालों के खिलाफ सड़कों पर आंदोलन होगा. बंगाल की धरती पर गोमाता को कटने और हिंदुओं को बंटने नहीं देंगे.

UP Politics: अखिलेश यादव का गंभीर आरोप, कहा- बीजेपी की लखनऊ पदयात्रा में आई महिलाओं को सड़ा खाना खिलाया



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *