Headlines

पंजाब दौरे पर PM मोदी, जालंधर से वाराणसी के लिए ‘संत रविदास एक्सप्रेस’ को दिखाएंगे हरी झंडी


पंजाब के जालंधर में 17 जुलाई को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का एक दिवसीय दौरा है, जहां वे नए बने जालंधर कैंट रेलवे स्टेशन का उद्घाटन करेंगे. वे संत रविदास एक्सप्रेस ट्रेन को पंजाब को वाराणसी से जोड़ने के लिए हरी झंडी देंगे. पंजाब से वाराणसी को सीधा जाने वाली ये पहली ट्रेन होगी. 

विधानसभा चुनाव से पहले इस दौरे को महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि बीजेपी पंजाब के दोआबा क्षेत्र में दलित समुदाय को रिझाने की लगातार कोशिश कर रही है. राज्य के दोआबा क्षेत्र में दलित समुदाय की आबादी लगभग 43 फीसदी है. दलित समुदाय की आबादी में भी रविदासिया समुदाय की आबादी लगभग 32 फीसदी है.

 पंजाब में दलित वोट पर नजर 

बीजेपी दलित समुदाय को साधने के लिए कितनी कोशिश कर रही है. इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि प्रधानमंत्री मोदी फरवरी महीने में ही जालंधर के डेरा सचखंड बल्लां गए थे. डेरा सचखंड बल्लां भी रविदासिया समुदाय का प्रमुख धर्म स्थल है. डेरा प्रमुख संत निरंजन दास को उनकी समाजसेवा के लिए केंद्र सरकार ने हाल ही में पदम श्री पुरस्कार भी दिया है. 

यह भी पढ़ें: पंजाब कांग्रेस में ‘ऑल इज वेल’, दिल्ली में बैठक के बाद चरणजीत सिंह चन्नी बोले- कभी पार्टी के खिलाफ नहीं रहे

हर साल पंजाब से लाखों लोग वाराणसी में संत रविदास के जन्म स्थल पर जाते हैं. अगले साल संत रविदास का 650वां प्रकाश पर्व है इसलिए वाराणसी जाने वाले श्रद्धालुओं की संख्या में इजाफा होगा.  शुक्रवार को प्रधानमंत्री मोदी 18 डिब्बों वाली संत रविदास एक्सप्रेस को हरि झंडी देंगे, जिसमें दो डिब्बे AC 3 टियर और एक AC 2 टियर होगा.

सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त 

प्रधानमंत्री मोदी के जालंधर दौरे के लिए जालंधर में जबरदस्त सुरक्षा प्रबंध किए गए हैं. फरवरी 2022 में प्रधानमंत्री मोदी के फिरोजपुर दौरे को किसानों के विरोध के चलते रद्द करना पड़ा था और उनके काफिले को वापिस मुड़ना पड़ा था.  एक बड़ी सुरक्षा चूक उस वक्त सामने आई थी जिसके बाद उनके पंजाब दौरे को लेकर प्रशासन ज्यादा सतर्क रहता है. 

पंजाब में बीजेपी जोरदार तरीके से विधानसभा चुनाव की तैयारियों में लगी है. खासकर पश्चिम बंगाल में बीजेपी की सरकार बनने के बाद पार्टी का फोकस पंजाब पर ज्यादा हो गया है और इसलिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इस दौरे को महत्वपूर्ण माना जा रहा है. 

यह भी पढ़ें: सुखबीर सिंह बादल होंगे गिरफ्तार? 11 साल पुराने मामले में SIT की नोटिस के बीच उठ रहे सवाल



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *