महाराष्ट्र में गणेशोत्सव के दौरान मिलावट और असुरक्षित खाद्य पदार्थों की बिक्री रोकने के लिए खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) ने राज्यभर में विशेष अभियान चलाया. 1 से 23 सितंबर 2026 के बीच चलाए गए इस अभियान में 3,068 खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच की गई. इस दौरान 2,423 खाद्य नमूने जांच के लिए गए. वहीं, मिलावट के संदेह में करीब 6.34 लाख किलो खाद्य स्टॉक जब्त किया गया, जिसकी अनुमानित कीमत 9.76 करोड़ रुपये बताई गई है.
FDA की कार्रवाई के दौरान अलग-अलग खाद्य प्रतिष्ठानों से बड़ी संख्या में सैंपल लिए गए. विभाग का फोकस खास तौर पर त्योहार के दौरान ज्यादा मांग वाले खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता पर रहा. जांच में कमियां मिलने पर 1,506 प्रतिष्ठानों को सुधार नोटिस जारी किए गए.
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गंभीर नियमों का उल्लंघन करने वाले 248 प्रतिष्ठानों के लाइसेंस निलंबित किए गए, जबकि 12 लाइसेंस रद्द कर दिए गए. इसके अलावा फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड्स एक्ट की धारा 69 के तहत 455 मामले दर्ज किए गए. इनमें से 398 मामलों का निपटारा हो चुका है और करीब 53.60 लाख रुपये का जुर्माना वसूला गया है.
गणेश मंडलों के लिए शुरू फेस्टिवल एनफोर्समेंट पोर्टल
गणेशोत्सव के दौरान भंडारा, अन्नछत्र और महाप्रसाद के आयोजन को देखते हुए FDA ने गणेश मंडलों के लिए ‘फेस्टिवल एनफोर्समेंट पोर्टल’ भी शुरू किया. राज्यभर के गणेश मंडलों ने इस पोर्टल पर 3,198 ऑनलाइन आवेदन किए.
इन आवेदनों में जोखिम के आधार पर 383 स्थानों पर खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने मौके पर जाकर निरीक्षण किया. मंडलों को खाद्य सुरक्षा, पीने के पानी, कच्चे माल, स्टोरेज और खाना तैयार करने की जगह से जुड़ी जरूरी जानकारी भी दी गई.
नाशिक डिवीजन में सबसे ज्यादा खाद्य स्टॉक जब्त
FDA की कार्रवाई में नाशिक डिवीजन सबसे आगे रहा. यहां करीब 4,42,746 किलो खाद्य स्टॉक जब्त किया गया, जिसकी कीमत लगभग 6.23 करोड़ रुपये है. वहीं, मुंबई डिवीजन में 88 खाद्य नमूने लिए गए और करीब 4,203 किलो खाद्य स्टॉक जब्त किया गया. इसकी अनुमानित कीमत लगभग 16.24 लाख रुपये बताई गई है.
FDA के मुताबिक, इस कार्रवाई का मकसद धार्मिक आयोजनों में हस्तक्षेप करना नहीं है. विभाग उत्पादन, भंडारण और सप्लाई के स्तर पर खाद्य पदार्थों की जांच कर यह सुनिश्चित करना चाहता है कि मिलावटी या असुरक्षित खाद्य सामग्री बाजार तक न पहुंचे.
FDA ने नागरिकों से अपील की है कि प्रसाद, मिठाई और व्रत के खाद्य पदार्थ लाइसेंस प्राप्त दुकानों से ही खरीदें. खरीदारी के समय दुकान पर लाइसेंस नंबर और ‘फूड सेफ्टी कनेक्ट’ QR कोड की जांच करने के साथ बिल जरूर लें. व्रत के लिए भगर, साबूदाना और राजगिरा जैसे खाद्य पदार्थ लेबल लगे और सीलबंद पैकेट में ही खरीदने की सलाह दी गई है.
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FDA महाराष्ट्र के कमिश्नर तुकाराम मुंढे ने नागरिकों, गणेश मंडलों और खाद्य कारोबारियों से सहयोग की अपील करते हुए कहा कि अभियान का उद्देश्य त्योहारों को सुरक्षित और मिलावटमुक्त बनाना है.
