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तस्करों को पकड़ने के लिए हेड कांस्टेबल ने किया ऐसा काम, CM विजय ने की तारीफ


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  • मुख्यमंत्री विजय ने वेलमुरुगन की बहादुरी की सराहना की।

तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने मंगलवार (29 सितंबर, 2026) को कोयंबटूर के कोविलपलायम पुलिस थाने में तैनात हेड कांस्टेबल एम. वेलमुरुगन को व्यक्तिगत रूप से सचिवालय बुलाया और प्रतिबंधित सामानों की खेप ले जा रहे तस्करों को पकड़ने के लिए करीब 40 किलोमीटर तक कार की छत पर सवार होकर दिखाई गई उनकी हिम्मत की तारीफ की. इस दौरान राज्य के डीजीपी आईपीएस महेश कुमार अग्रवाल भी मौजूद थे.

दरअसल, यह मामला तमिलनाडु के कोयंबटूर में एक दिन पहले सोमवार (28 सितंबर, 2026) को गाड़ियों की एक रूटीन जांच के दौरान सामने आया, जो किसी एक्शन फिल्म के सीन के कम नहीं था. गुटखा तस्करी के शक में एक एसयूवी को रोकने की कोशिश में एक हेड कांस्टेबल भागती हुई कार की छत पर छत पर चढ़ गए और करीब 40 किमी तक उसकी रेलिंग पकड़े रहे. इस दौरान तीन संदिग्ध तस्कर गाड़ी लेकर फरार होने की कोशिश करते रहे.

क्या थी पूरा घटना? 

हेड कांस्टेबल की पहचान कोयंबटूर के कोविलपलायम पुलिस थाने में तैनात 38 वर्षीय एम. वेलमुरुगन के रूप में हुई, जो इस तस्करों को पकड़ने के लिए कार की छत पर डटे रहे, जबकि कार कोयंबटूर के भीड़भाड़ वाले इलाकों से होते हुए तिरुप्पुर की तरफ तेज रफ्तार से भागता रहा. इस दौरान कुछ जगहों पर कार की स्पीड 100 किमी प्रति घंटे से भी ज्यादा थी. हालांकि, पुलिस ने आखिर में तिरुप्पुर जिले के मंगलम जंक्शन के पास एसयूवी कार को रोक लिया और तीनों संदिग्ध तस्करों को गिरफ्तार कर लिया.

बेंगलुरु से तस्करी की मिली थी खुफिया जानकारी 

द हिंदू की रिपोर्ट के मुताबिक, यह पूरा घटनाक्रम सोमवार (28 सितंबर, 2026) को सुबह करीब 5 बजकर 45 मिनट पर शुरू हुआ. पुलिस को बेंगलुरु से कोयंबटूर की तरफ प्रतिबंधित तंबाकू उत्पादों की खेप ले जाए की खुफिया जानकारी मिली थी. नीलांबुर के इंस्पेक्टर पी. त्यागराजन के नेतृत्व वाली टीम ने वेल्लानाइपट्टी में कर्नाटक नंबर वाली एक सफेद एसयूवी कार को देखा और कोविलपलायम पुलिस को इसकी सूचना दी.

सूचना मिलने के तुरंत बाद सब-इंस्पेक्टर वी. विग्नेश और हेड कांस्टेबल वेलमुरुगन ने कैकोलापलायम में कार को रोकने की कोशिश की. जब विग्नेश एसयूवी के पास पहुंचे और खुले शीशे से अंदर बैठे लोगों से पूछताछ करने लगे, तभी कार के ड्राइवर ने अचानक शीशा ऊपर कर दिया, इससे अधिकारी का हाथ फंस गया. इसके बाद कार को पुलिस की घेराबंदी को तोड़कर निकलने की कोशिश में पीछा किया गया. इस दौरान वेलमुरुगन कार को बगल से पकड़े हुए थे, जो कार के पुलिस घेराबंदी को तोड़ने के दौरान तेजी के उसकी छत पर चढ़कर उसकी रूफ रेलिंग पकड़ ली. हालांकि, 40 किमी तक पीछा करने के बाद पुलिस ने कार में सवार तीनों संदिग्ध तस्करों को तिरुप्पुर जिले के मंगलम जंक्शन के पास एसयूवी कार को रोककर गिरफ्तार कर लिया. 

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