उत्तर प्रदेश के अयोध्या में सोहावल क्षेत्र में उस समय हडकंप मच गया, जब एक छोटी सी लापरवाही ने किसानों की मेहनत को आग के हवाले कर दिया. भीषण अग्निकांड में सैकड़ों बीघा गेहूं की फसल जलकर राख हो गई, वहीं कई वाहन भी आग की चपेट में आ गए. घटना के बाद किसानों का गुस्सा फूट पड़ा और पुलिस पर बदसलूकी के गंभीर आरोप लगे हैं.
बताया जा रहा है कि खेत में गेहूं काट रही कंबाइन मशीन अचानक खराब हो गई थी. उसे ठीक करने के लिए मौके पर पहुंचे इंजीनियरों ने बिना सुरक्षा मानकों का पालन किए ज्वलनशील पदार्थ का इस्तेमाल किया. इसी दौरान अचानक आग भड़क उठी और देखते ही देखते सैकड़ों बीघा खड़ी गेहूं की फसल जलकर राख हो गई.
मशीन और वाहन भी नष्ट
इस अग्निकांड में एक कंबाइन मशीन, एक हार्वेस्टर, एक ट्रैक्टर और दो मोटरसाइकिल भी जलकर नष्ट हो गए. अपनी मेहनत को जलते देख किसानों का गुस्सा फूट पड़ा और उन्होंने मौके पर प्रदर्शन शुरू कर दिया. किसानों का आरोप है कि सूचना पर पहुंचे रौनाही थाना प्रभारी लालचंद सरोज ने उनके साथ बदसलूकी और गाली-गलौज की. इससे नाराज किसानों ने धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया और थाना प्रभारी पर कार्रवाई की मांग करने लगे.
सीओ ने समझकर किया शांत
मामले की गंभीरता को देखते हुए सीओ सदर अरविंद सोनकर और सोहावल उप जिलाधिकारी सविता राजपूत मौके पर पहुंचे. अधिकारियों ने किसानों को समझाने की कोशिश की और जांच के बाद कार्रवाई का आश्वासन दिया.
हालांकि, किसानों का गुस्सा शांत होने का नाम नहीं ले रहा था. उनका कहना था कि पहले भी थाना प्रभारी पर अभद्रता के आरोप लग चुके हैं, ऐसे में इस बार सख्त कार्रवाई होनी चाहिए. काफी समझाइश और कार्रवाई के आश्वासन के बाद आखिरकार किसान शांत हुए. फिलहाल प्रशासन ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है और दोषियों पर कार्रवाई की बात कही है.
