Headlines

CJP Parliament March: CJP के सौरभ दास से मिलने के बाद मोदी सरकार का पहला रिएक्शन, धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर हुई चर्चा?


परीक्षा पत्र लीक के विरोध में ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) के संसद मार्च के दौरान सोमवार को पुलिस ने हजारों की संख्या में जुटे युवाओं को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े और लाठीचार्ज किया. विरोध प्रदर्शन तेज होने के कारण सेंट्रल दिल्ली के बड़े हिस्से में यातायात ठप हो गया. इस सीजेपी प्रवक्ता से सौरभ दास और आशुतोष रांका ने केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा से मुलाकात की. सीजेपी प्रतिनिधि से मुलाकात के बाद सरकार का पहला बयान सामने आया है.

CJP के सौरभ दास से मिलने के बाद मोदी सरकार का रिएक्शन

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने कहा, ‘आज सुबह पहली बार प्रदर्शनकारियों की ओर से सरकार के साथ बातचीत का प्रस्ताव आया और सुबह 11:50 बजे से हमारी बातचीत चल रही है. बैठक अच्छे माहौल में हुई. उनके प्रतिनिधिमंडल के साथ शुरुआती बातचीत विस्तार से हुई और शाम करीब 4 बजे उन्होंने मुझे एक लिखित ज्ञापन सौंपा. मैंने सभी प्रदर्शनकारियों से अपना धरना खत्म करने और हालात सामान्य करने में प्रशासन की मदद करने का आग्रह किया है.’

धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर अड़ी CJP

कॉकरोच जनता पार्टी के प्रवक्ता सौरभ दास ने कहा कि केंद्रीय मंत्री ने हमें भरोसा दिलाया है कि वे इस मामले पर सही स्तर पर बातचीत करेंगे. उन्होंने एक्स पर पोस्ट कर लिखा, मैं और आशुतोष रांका ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा से मुलाकात की है. हमने उनको अपनी मांगों के बारें बता दिया है, जिसमें केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का तुरंत इस्तीफा या उन्हें पद से हटाना शामिल है.’ उन्होंने कहा कि हम आगे की प्रक्रिया का इंतजार कर रहे हैं.

1 करोड़ के मुआवजे की मांग

स बीच, बड़ी संख्या में लोगों को हिरासत में लिए जाने की खबरें सामने आ रही हैं. आशुतोष रांका ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, ‘जेपी नड्डा ने हमारी इन मांगों पर पार्टी नेतृत्व से चर्चा करने के लिए कुछ समय मांगा है. हमारी मागों में सोनम वांगचुक की तुरंत रिहाई, धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा और आत्महत्या करने वाले सभी नीट उम्मीदवारों के परिवारों को 1 करोड़ रुपये का मुआवजा शामिल है.

सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने कहा, ‘हमारी मांगें स्पष्ट हैं. धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफा देना चाहिए. जिन बच्चों ने आत्महत्या की है, उनके परिवारों को 1 करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जाना चाहिए. इसके अलावा, सोनम वांगचुक को तुरंत रिहा किया जाना चाहिए.’ दिल्ली में सोमवार को तनाव बना रहा क्योंकि सीजेपी और उसके समर्थकों ने संसद चलो विरोध प्रदर्शन में हिस्सा लिया.

दिल्ली में CJP का प्रदर्शन

प्रदर्शनकारियों ने नीट-यूजी पेपर लीक मामले में सरकार से जवाबदेही की मांग की. जब प्रदर्शनकारी संसद भवन की ओर बढ़ने की कोशिश कर रहे थे, तो उन्हें रोकने के लिए तैनात पुलिसकर्मियों से उनका सामना हुआ. पुलिस बल वहां कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए तैनात था. यह विरोध प्रदर्शन नीट-यूजी पेपर लीक मामले और परीक्षा से जुड़ी अन्य अनियमितताओं (जिनमें 12वीं सीबीएसई बोर्ड परीक्षा भी शामिल है) को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग के लिए किया गया. इन घटनाओं के बाद देशभर में प्रतियोगी परीक्षाओं की निष्पक्षता और विश्वसनीयता को लेकर चिंता बढ़ गई है.





Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *