बॉलीवुड की दिग्गज सिंगर आशा भोसले का अंतिम संस्कार हो चुका है. वह पंचतत्व में विलीन हो चुके हैं. आशा भोसले और लता मंगेशकर दोनों ही बहनें थीं और इनका रिश्ता हमेशा से ही चर्चा में रहा. 16 साल की उम्र में परिवार वालों के खिलाफ जाकर आशा ने शादी कर ली थी, जिसकी वजह से कहा जाता है कि लता मंगेशकर ने उनसे सालों तक बात नहीं की थी फिर आरडी बर्मन ने सुलह कराई थी. लेकिन कम लोगों को ही पता होगा कि आशा भोसले भी बड़ी बहन से एक बात पर नाराज रहती थीं.
लता मंगेशकर और आशा भोसले को उनके बेहतरीन गानों के लिए जाना जाता है. दोनों की अपनी फैन फॉलोइंग थी. जब लता मंगेशकर स्टारडम का स्वाद चख रही थीं तो आशा भोसले इंडस्ट्री में कदम रख रही थीं. आशा भोसले और लता मंगेशकर के रिश्ते को लेकर काफी चर्चाएं रहीं. लेकिन उन्होंने कभी भी लोगों की बातों पर गौर नहीं दिया. लेकिन आशा ताई ने इस बात को माना था कि अगर वह लता मंगेशकर की बहन ना होतीं तो करियर में सफलता जल्दी मिलती. इसकी वजह है कि वजह वह कोई सॉन्ग रिकॉर्ड करने जाती थीं तो लोग उन्हें लता मंगेशकर की बहन के तौर पर देखते थे.
आशा भोसले को था किस बात का मलाल?
आशा भोसले ने अपने संघर्ष के दिनों को याद करते हुए मन के मलाल को शब्दों में बयां किया था लेकिन उन्होंने ये भी कहा था कि वह लता मंगेशकर की छोटी बहन बनकर भी खुश हैं. उन्होंने एक इंटरव्यू में कहा था कि अगर वो लता मंगेशकर की बहन नहीं होती वो भी 4 साल छोटी और अगर वो बांग्लादेश, पाकिस्तान या नेपाल से होतीं तो लोग उन्हें कभी नहीं कहते कि कौन ऊंचा और कौन नीचा.
आशा भोसले ने आगे कहा था कि लोग दोनों को ही एक जैसा बोलते थे. लेकिन एक घर होने के नाते, छोटा होने के नाते उन्हें हमेशा छुटपन में रखा गया. उन्हें इसकी आदत भी हो गई. आशा भोसले ने कहा था कि इस देश की रीत है कि अगर कोई छोटी बहन है तो उसे छोटा करके ही रखो और वो उनकी छोटी बहन बनकर भी खुश हैं. उन्हें भले ही खुले तौर पर मनमुटाव की बात को नहीं कबूला. लेकिन उनकी बातों में कहीं ना कहीं ये मलाल जरूर दिखा था कि लोग उन्हें लता मंगेशकर की छोटी बहन के तौर पर देखते थे.
बहन को दबाने पर क्या बोली थीं लता मंगेशकर?
इसके साथ ही लता मंगेशकर से भी आशा भोसले को दबाने को लेकर एक इंटरव्यू में सवाल किया गया था, जिस पर उन्होंने रिएक्शन भी दिया था और कहा था, ‘आशा को बढ़ने नहीं दिया होता तो आशा का इतना नाम होता? एक तो आशा हमारे यहां थीं नहीं. आशा शादी करके चली गई थीं. इसके बाद उनका नाम हुआ. दूसरी बात थी कि आशा का स्टाइल अलग था और मेरा अलग. हम दो बहने हैं आवाजें भी हमारी मिलती जुलती हैं पर वो अलग गाती थीं और मैं अलग स्टाइल से गाती थी और बहन के साथ ये करने का तो मैं कभी सोच ही नहीं सकती हूं.’
मतभेद को बताया था गलत
इतना ही नहीं, लता मंगेशकर से बहन आशा के साथ मतभेद को लेकर बनी फिल्म ‘साज़’ को लेकर भी सवाल किया गया था, ‘आपके मतभेद पर फिल्म भी बनी. घुमा-फिराकर कहीं ना कहीं चीजें दिखाई गई. रिव्यूज भी यही छपे तो आपने कभी सवाल नहीं किया?’ लता मंगेशकर ने जवाब दिया था, ‘नहीं. लोग कोशिश करते हैं लेकिन, जो भी चीजें कही गई या दिखाई गई वो सब गलत था.’
इनपुट-आईएएनएस
