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‘भारत में पेपर लीक आम बात, पूरा एजुकेशन सिस्टम शामिल’, छात्रों के बीच बोले राहुल गांधी


लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के उत्तराखंड दौरे पर एक बार फिर मौसम की मार देखने को मिली. राजधानी देहरादून के बन्नू स्कूल में शुक्रवार (17 जुलाई, 2026) को आयोजित ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे राहुल गांधी के कार्यक्रम पर लगातार हो रही बारिश का असर पड़ा. भारी बारिश की वजह से कार्यक्रम स्थल के मैदान में पानी भर गया. जिससे आयोजन की तैयारियां प्रभावित हुईं.

ये पहली बार नहीं है जब उत्तराखंड में राहुल गांधी का कार्यक्रम बारिश की वजह से प्रभावित हुआ हो. इससे पहले 4 जून को पौड़ी और अल्मोड़ा के प्रस्तावित दौरे के दौरान भी खराब मौसम के चलते उनका हेलीकॉप्टर उड़ान नहीं भर सका. उस समय राहुल गांधी निर्धारित जनसभा स्थल तक नहीं पहुंच पाए थे और उन्होंने पंतनगर से मोबाइल फोन के जरिए सभा को संबोधित किया था.

लगातार दूसरी बार उत्तराखंड में राहुल गांधी के दौरे पर बारिश का असर पड़ने से कांग्रेस की तैयारियों पर भी मौसम भारी पड़ता दिखाई दे रहा है. पार्टी नेताओं का कहना है कि कार्यक्रम को परिस्थितियों के अनुसार संचालित किया जा रहा है.

कार्यक्रम में बोले राहुल गांधी

हालांकि, कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने मौसमी परिस्थितियों के बावजूद छात्रों की गूंज कार्यक्रम में भाग लिया और नीट के साथ-साथ अन्य परीक्षाओं के पेपर लीक को लेकर अपनी बात रखी. कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा राहुल गांधी ने मौजूद छात्रों और युवाओं से कहा, ‘आपके सामने दो दरवाजे हैं और उनके दो अलग-अलग रास्ते हैं. पहला रास्ता ईमानदारी और कड़ी मेहनत का है और दूसरा रास्ता पेपर लीक का है.’ 

राहुल ने कहा, ‘ईमानदारी के रास्ते पर चलने से आपको पैसों से जुड़ी मुश्किलें और अपने परिवार के दबाव का सामना करना पड़ सकता है, लेकिन दूसरा रास्ता अलग है. अगर आपके पास पैसा है, अगर आप भ्रष्ट और बेईमान हैं और चोरी या चीटिंग करके पास होना चाहते हैं, तो आपके लिए एक छिपा हुआ ऑप्शन पेपर लीक का है.’  उन्होंने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि भारत में पेपर लीक होना आम बात हो गई है और पूरा शिक्षा सिस्टम इसमें शामिल है, लेकिन दोषियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हो रही है.

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