उत्तर प्रदेश के सोनभद्र में करोड़ों रुपये की निवेश ठगी करने वालों पर पुलिस ने तगड़ी चोट की है. ‘सिटी म्युचुअल बैंक’ के नाम पर भोले-भाले लोगों को भारी मुनाफे का सपना दिखाकर ठगने वाले मुख्य आरोपी भागीरथी मौर्या की करीब 1 करोड़ 31 लाख 25 हजार रुपये की अचल संपत्ति को न्यायालय के आदेश पर कुर्क कर लिया गया है. पुलिस की इस बड़ी कार्रवाई से आर्थिक अपराध करने वालों में हड़कंप मच गया है.
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, आरोपी भागीरथी मौर्या ने क्षेत्र में ‘सिटी म्युचुअल बैंक’ के नाम से एक फर्जी कंपनी का संचालन शुरू किया था. इसके जरिए उसने सैकड़ों भोले-भाले निवेशकों को कम समय में अधिक लाभ और भारी मुनाफे का लालच दिया.
ठगी का अहसास हुआ तो पुलिस में कराई शिकायत दर्ज
मुनाफे के लालच में लोगों ने करोड़ों रुपये निवेश कर दिए, लेकिन तय समय सीमा पूरी होने के बाद भी किसी को उनकी रकम वापस नहीं की गई. जब लोगों को ठगी का अहसास हुआ, तो उन्होंने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई. पुलिस विवेचना में यह चौंकाने वाला तथ्य सामने आया कि आरोपी ने निवेशकों से धोखाधड़ी कर जुटाई गई इसी रकम से करोड़ों की जमीनें और आलीशान मकान खरीदे थे.
इन संपत्तियों पर हुई कुर्की की कार्रवाई
न्यायालय से कुर्की का सख्त आदेश मिलने के बाद अनपरा थाना पुलिस ने प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में आरोपी की संपत्तियों को नियमानुसार कुर्क कर लिया.
कुर्क की गई संपत्तियों का विवरण.
- मुर्धवा स्थित संपत्ति: मुर्धवा में खरीदी गई बेशकीमती जमीन और उस पर बना मकान.
- कटौधी गांव की भूमि: कटौधी गांव में आरोपी के नाम पर मौजूद जमीन.
- पुलिस के अनुसार, कुर्क की गई इन अचल संपत्तियों का कुल अनुमानित बाजार मूल्य लगभग 1 करोड़ 31 लाख 25 हजार रुपये आंका गया है.
पहले से दर्ज हैं कई आपराधिक मुकदमे
जालसाज भागीरथी मौर्या का पुराना आपराधिक इतिहास रहा है. पुलिस के अनुसार, आरोपी के खिलाफ सोनभद्र और पड़ोसी जनपद मीरजापुर के विभिन्न थानों में धोखाधड़ी और गबन सहित कई गंभीर धाराओं में पहले से ही मुकदमे दर्ज हैं.
पुलिस का सख्त संदेश
इस कार्रवाई के बाद सोनभद्र पुलिस ने स्पष्ट किया है कि यह उन तमाम जालसाजों के लिए एक बड़ी चेतावनी है, जो अधिक मुनाफे का लालच देकर आम लोगों की गाढ़ी कमाई हड़पने की कोशिश करते हैं. पुलिस प्रशासन का कहना है कि आर्थिक अपराध करने वालों के खिलाफ आगे भी ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति के तहत ऐसी ही सख्त वैधानिक कार्रवाई जारी रहेगी.
