प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार (5 सितंबर) को दिल्ली यूनिवर्सिटी के श्री राम कॉलेज ऑफ कॉमर्स (SRCC) में अपने भाषण के दौरान Gen Z के सामने OG (Original Gangster) जैसे फ्रेंडली शब्दों का इस्तेमाल किया और मशहूर फिल्म ‘धुरंधर’ का जिक्र भी किया. पीएम मोदी ने करीब 13 साल बाद इस कॉलेज में भाषण दिया.
कॉलेज के शताब्दी समारोह में अपने भाषण के दौरान पीएम मोदी ने कहा, “SRCC के पूर्व छात्र बहुत खास रहे हैं. उन्होंने कॉलेज का नाम दुनिया भर में रोशन किया है. अगर मैं आपकी भाषा में कहूं, तो यहां के पूर्व छात्र ‘OG’ हैं.” एलुमनाई की तारीफ करते हुए पीएम मोदी ने आगे कहा, “धुरंधर न हों लेकिन धूम मचाई है.”
कॉलेज का शानदार सफर
दरियागंज में एक साधारण शुरुआत से लेकर एक बड़े एजुकेशनल इंस्टिट्यूशन बनने तक कॉलेज के शानदार सफर का जिक्र करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि इसने कई पीढ़ियों को संवारा है. उन्होंने माना कि आज इस इंस्टिट्यूशन के नाम के साथ बहुत गर्व जुड़ा है. उन्होंने कहा कि आज भी DU में यह कहना कि आप SRCC से हैं, अपने आप में एक बड़ी बात है.
जंतर-मंतर पर हाल ही में Gen Z के नेतृत्व में हुए विरोध प्रदर्शनों के बाद बीजेपी के युवाओं से जुड़ने की कोशिशों के बीच SRCC में PM मोदी के शब्दों का चुनाव अहम है. बीजेपी सांसदों ने हाल ही में संसद में FOMO (कुछ छूट जाने का डर) और ‘डेलुलु’ (delusional/भ्रम में रहने वाला) जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया, जबकि प्रधानमंत्री खुद भी युवाओं तक अपनी बात पहुंचाने के लिए इंस्टाग्राम-स्टाइल वीडियो का ज्यादा इस्तेमाल कर रहे हैं.
2013 के भाषण का किया जिक्र
बता दें कि मोदी 2013 में गुजरात के मुख्यमंत्री के तौर पर SRCC गए थे और छात्रों के सामने उनके भाषण ने बहुत चर्चा बटोरी थी, खासकर 2014 के लोकसभा चुनावों से पहले जब वे BJP के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार थे. पीएम मोदी ने कहा कि SRCC में उनका 2013 का भाषण एक लहर बन गया था और आज भी 13-14 साल बाद उस भाषण का असर बना हुआ है.
उन्होंने बताया कि 2013 में भारत कई चुनौतियों का सामना कर रहा था, जिनमें आतंकी हमले, महंगाई और भ्रष्टाचार शामिल थे. विकास दर सबसे निचले स्तर पर थी और महंगाई चरम पर थी, साथ ही घोटाले और भ्रष्टाचार भी बहुत ज़्यादा थे. पीएम मोदी ने याद करते हुए कहा कि उस समय अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर भारत की कैसी छवि थी, देश को ‘फ्रैजाइल फाइव’ (कमज़ोर 5 देशों में से एक) कहा जा रहा था. उन्होंने 2013 में भारत की स्थिति की तुलना आज की स्थिति से भी की.
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