Headlines

SC के जजों का भावुक कदम, फैसला देते समय दिवंगत क्लर्क को किया याद


सुप्रीम कोर्ट से हर साल कई फैसले आते हैं. कभी-कभी कुछ फैसलों में जज मामले से जुड़े मानवीय पहलुओं पर कुछ भावपूर्ण बातें भी लिख देते हैं, लेकिन मंगलवार (29 सितंबर, 2026) को एक बिल्कुल अलग स्थिति सामने आई. जजों ने एक फैसले को दुनिया से जा चुके उस लॉ-क्लर्क की यादों को समर्पित किया, जिसने फैसला लिखने में उनकी सहायता की थी.

संभल हिंसा के आरोपी मुल्ला अफरोज की NSA हिरासत रद्द करने से जुड़े फैसले के शुरुआती हिस्से में जजों ने लॉ-क्लर्क और रिसर्च सहयोगी ऋत्विक देसवाल को याद किया है. चार दिन पहले दुनिया से विदा हुए ऋत्विक का आज 27वां जन्मदिन था.

जजों ने अपने फैसले में क्या कहा?

सुप्रीम कोर्ट में जस्टिस दीपंकर दत्ता और जस्टिस शील नागू की बेंच ने फैसले की शुरुआत में लिखा, ‘मनुष्य की जिंदगी नश्वर है. हम शायद ही कभी ठहर कर इस बारे में विचार करते हैं. एक दिन जिंदगी हमें इस हकीकत से रूबरू कराती है, तब तक अक्सर बहुत देर हो चुकी होती है.’ 

जजों ने लिखा, ‘हमारे बेहद प्रिय लॉ क्लर्क और रिसर्च एसोसिएट ऋत्विक देसवाल अपने 27वें जन्मदिन से सिर्फ 4 दिन पहले इस दुनिया से विदा हो गए. उनका 27वां जन्मदिन आज ही है. हम यह बताना चाहते हैं कि इस फैसले पर उनके आखिरी काम की अमिट छाप है. हम उनके रिसर्च के लिए अपनी गहरी सराहना दर्ज करना चाहते हैं.’

ऋत्विक को मृत्यु को सुप्रीम कोर्ट के जजों ने अपने लिए निजी शोक कहा

फैसले में जजों ने ऋत्विक की मृत्यु को अपने लिए निजी शोक की बात कहा है. फैसले में लिखा गया, ‘उनका इतनी कम उम्र में जाना हमारी जिंदगी में एक तकलीफदेह कमी छोड़ गया है. वह अपने आखिरी घंटों में भी न्याय की सेवा में लगे हुए थे. हम गहरे निजी दुख के साथ, इस आखिरी साझा काम को उनकी याद, उनकी ईमानदारी, कानून के लिए उनकी प्रतिबद्धता और उनके व्यक्तित्व की दूसरी खूबियों को समर्पित करते हैं.’ 

यह भी पढ़ेंः राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन चुनाव में SC की एंट्री, रिजल्ट पर लगाई रोक



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *