अटलांटा में हुई G20 देशों के विदेश मंत्रियों की बैठक में कुछ अलग देखने को मिला, इसकी शुरुआत बिना किसी औपचारिक फोटो सेशन के हुई. यानी सभी नेताओं ने एक साथ खड़े होकर फोटो नहीं खिंचवाई. इसकी वजह रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव की वहां मौजूदगी को बताया गया. तमाम नेताओं ने उनके साथ फोटो खिंचवाने के बजाय बैठक से बाहर जाने का फैसला किया.
दो पश्चिमी अधिकारियों ने CNN को बताया कि बैठक में शामिल एक-तिहाई से ज्यादा प्रतिनिधियों ने धमकी दी थी कि अगर रूसी विदेश मंत्री के साथ फोटो ली गई, तो वे बाहर चले जाएंगे.
पहले हुआ था दो तस्वीरें लेने का विचार
सीएनएन की रिपोर्ट में बताया गया है कि अमेरिका ने दो अलग-अलग तस्वीरें लेने पर भी विचार किया था. इनमें से एक लावरोव के साथ और एक उनके बिना होती लेकिन आखिरकार अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने इस परंपरा को पूरी तरह से रद्द करने का फैसला किया. एक अमेरिकी अधिकारी ने बताया कि रुबियो ने ये फैसला इसलिए लिया क्योंकि उन्हें लगा कि फोटो को लेकर होने वाला ये बवाल पूरी बैठक का ध्यान भटका देगा और माहौल खराब करेगा.
खड़ा हो सकता था कूटनीतिक विवाद
इस पूरे मामले को लेकर एक और अमेरिकी अधिकारी ने बताया कि फोटो वाली औपचारिकता को तब रद्द किया गया जब ये साफ हो गया कि कुछ प्रतिनिधि इस संयुक्त फोटो का हिस्सा नहीं बनना चाहते. एक औपचारिक फोटो के चक्कर में कूटनीतिक विवाद खड़ा करने के बजाय, अमेरिका ने फोटो न खिंचवाने का फैसला किया ताकि सबका ध्यान G20 की मुख्य चर्चाओं और मुद्दों पर ही बना रहे.
इस विवाद को लेकर अटलांटा में हुई एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान लावरोव से सवाल भी पूछा गया, लेकिन उन्होंने इसे ज्यादा तवज्जो नहीं दी. उन्होंने कहा, “अगर उनके लिए सबसे ज्यादा यही मायने रखता है कि वे फोटो में कैसे दिख रहे हैं और उनके बगल में कौन खड़ा है, तो इससे उनकी सोच का साफ पता चलता है.”
लावरोव ने यह भी बताया कि बैठक के दौरान उनकी मार्को रुबियो से थोड़ी देर मुलाकात हुई थी और उनके बीच अच्छी बातचीत हुई.
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