Headlines

महिला को बुर्के में जाने से रोका तो भड़के वारिस पठान, ‘कल बोलेंगे कि…’


मुंबई के एक सरकारी अस्पताल में बुर्का पहनने की वजह से दो महिलाओं को कथित तौर पर अंदर जाने से रोके जाने पर AIMIM नेता वारिस पठान भड़क गए. उन्होंने सवाल किया कि क्या वहां महिलाएं साड़ी नहीं पहनतीं? क्या वे मंगलसूत्र और तिलक लगाकर नहीं जातीं? पठान ने ये भी कहा कि हमारी महिलाएं बुर्का और हिजाब पहनती थी, पहनती है और पहनती रहेंगी. इसके साथ ही उन्होंने अंदर जाने से रोकने वाली महिला कांस्टेबल के खिलाफ कार्रवाई की भी मांग की.

वारिस पठान ने मीडिया से बातचीत में कहा, ”ये किस दिशा में पूरे देश को ले जा रहे हैं? इतनी नफरत क्यों है? क्या वहां पर औरतें साड़ी पहनकर नहीं जाती हैं, मंगलसूत्र और तिलक लगाकर नहीं जाती हैं? क्या सरदार भाई नहीं जाते हैं? हम तो आपत्ति नहीं जताते हैं, है ना?. सबको अधिकार है, मगर एक वकील हैं, इन्होंने ये भी कहा कि मैं एडवोकेट हूं और मुझे पता है कि ये सब क्या है. फिर भी इनकी बातों को नजरअंदाज किया गया. कहा गया कि नहीं जा सकते हैं, बच्चे चोरी होती हैं. मुझे बताएं कि वहां कौन सा बच्चा चोरी हुआ.” 

ये नफरती लोगों के बयानबाजी का नतीजा है- वारिस पठान

एआईएमआईएम नेता ने यह भी कहा कि ये तमाम चीजें जो हैं भारत को नुकसान पहुंचा रहे हैं. ये नफरती ‘चिंटू’ लोग जो हैं वो अक्सर मुसलमानों के खिलाफ अनाप-शनाप बकवास और बयानबाजी करते हैं, उसका ये नतीजा है. उन्होंने कहा, ”कल तो आप बोलेंगे कि ट्रेन में भी बुर्का पहनकर मत जाओ. स्कूल और कॉलेज में हिजाब को बैन करने की बात की. अब अस्पताल के अंदर बुर्का पहनने नहीं दे रहे हो.”

हमारी महिलाएं बुर्का पहनती थीं और पहनती रहेंगी- वारिस पठान

AIMIM नेता वारिस पठान ने आग कहा, ”हमारी महिलाएं बुर्का और हिजाब पहनती थी, पहनती है और पहनती रहेगी. आप उन्हें रोक नहीं सकते हैं. हम तो चाहेंगे कि जिस महिला कांस्टेबल ने अस्पताल में बुर्का पहनकर जाने से उनको रोका उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए. वहां के डॉक्टर्स कहां चले गए थे? क्या अस्पताल का रूल है कि वहां सिर्फ एक ही समुदाय के लोग जाएंगे?” 

राज ठाकरे के बेटे अमित ठाकरे के खिलाफ केस दर्ज, हटवाई थी PM मोदी की तस्वीर





Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *