मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर आजाद समाज पार्टी के संस्थापक और नगीना से सांसद चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि ज्ञानेश कुमार के कार्यकाल में हुए सारे चुनाव की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए. क्योंकि उनके समय में जितने भी चुनाव हुए हैं सब में खेल किया गया है. इसके साथ ही उन्होंने उनके इस्तीफा की भी मांग की है.
उन्होंने कहा कि जब चुनाव आयुक्त के ऊपर ही आरोप लग रहे हैं तो ऐसे में आयोग की निष्पक्षता कहां से बची रहेगी? उन्होंने चुनाव में EVM की जगह बैलेट पेपर के इस्तेमाल की मांग की.
‘लोकतंत्र में वोट सबसे बड़ा हथियार’
चंद्रशेखर ने कहा कि भारत लोकतांत्रिक देश है. यहां सभी को अपना वोट देने का अधिकार है. लेकिन आप उनके अधिकारों पर सवाल खड़े हो रहे हैं ऐसे में लोकतंत्र कैसे सुरक्षित रहेगा. चुनाव आयोग को वोटरों के बीच में अपना भरोसा कायम रखना जरूरी है. अगर चुनाव सही तरीके से होते तो डेढ़ महीने तक ईवीएम मशीन की रखवाली करने की जरूरत नहीं पड़ती.
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‘नवंबर में शक्ति प्रदर्शन करेगी पार्टी’
वहीं चंद्रशेखर आजाद 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले लखनऊ में शक्ति प्रदर्शन करेंगे. 26 नवंबर को आजाद समाज पार्टी ने सभी कार्यकर्ताओं को लखनऊ में जुड़ने को कहा है. उन्होंने उम्मीद जताई है कि इस कार्यक्रम में बहुजन समाज पार्टी से ज्यादा लोग जुड़ेंगे. उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील की कि रोज एक रुपया जोड़ें, लेकिन 26 नवंबर को लखनऊ जरूर पहुंचें.
‘जरूरत पड़ने कर मायावती का साथ लेंगे’
विधानसभा चुनाव को लेकर के बसपा प्रमुख मायावती को समर्थन देने के सवाल पर चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि अगर बहन जी के पास सरकार बनाने की शक्ति हुई और उन्हें समर्थन की जरूरत पड़ी तो वह जरूर समर्थन करेंगे. वही, उत्तर प्रदेश में छात्रसंघ चुनाव बहाल करने की भी मांग की. उन्होंने कहा कि छात्र राजनीति से ही युवा आगे चलकर बड़ी राजनीति में आते हैं.
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