जम्मू-कश्मीर सरकार ने पूरे प्रदेश में दिव्यांग लोगों के लिए मुफ्त पब्लिक ट्रांसपोर्ट सेवा को मंजूरी दे दी है. इस फैसले की जानकारी बुधवार को मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला के ऑफिस ने सोशल मीडिया हैंडल एक्स पर दी है. इससे पहले पिछले साल अप्रैल में महिलाओं के लिए पब्लिक ट्रांसपोर्ट में मुफ्त यात्रा की सुविधा को मंजूरी दी गई थी.
एक्स पर बताया गया है कि इस सुविधा में जम्मू-कश्मीर रोड ट्रांसपोर्ट कॉर्पोरेशन (JKRTC) की सेवाओं के साथ-साथ जम्मू स्मार्ट सिटी लिमिटेड और श्रीनगर स्मार्ट सिटी लिमिटेड द्वारा चलाई जा रही ई-बसें भी शामिल होंगी.
Fulfilling a key Budget announcement made in March this year, the Government has sanctioned free ridership for differently-abled persons in public transport.
The facility will cover JKRTC services as well as e-Buses operated by Jammu Smart City Limited and Srinagar Smart City…
— Office of Chief Minister, J&K (@CM_JnK) September 16, 2026
जनता से किया वादा हुआ पूरा
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने कहा कि यह आदेश मार्च में पेश किए गए बजट के एक अहम वादे को पूरा करता है. उन्होंने इस पहल के लिए ट्रांसपोर्ट मिनिस्टर सतीश शर्मा को बधाई दी. उमर अब्दुल्ला ने कहा कि यह कदम पूरे जम्मू-कश्मीर में सामाजिक न्याय, सबके लिए सुलभ आवागमन और बिना किसी रुकावट के यात्रा की सुविधा की दिशा में एक ज़रूरी मील का पत्थर है.
बता दें कि 2011 की सरकारी जनगणना के आंकड़ों के अनुसार, जम्मू-कश्मीर में 3,61,153 दिव्यांग (विशेष रूप से सक्षम) लोग हैं, जो कुल आबादी का लगभग 2.87 प्रतिशत हैं. हालांकि, इस क्षेत्र में काम करने वाले गैर-सरकारी और वकालत करने वाले समूहों का अनुमान है कि ‘राइट्स ऑफ पर्सन्स विद डिसेबिलिटीज’ (RPwD) एक्ट के तहत दिव्यांगता की बढ़ती श्रेणियों के कारण यह संख्या काफी ज़्यादा हो सकती है.
महिलाएं भी उठा रहीं फ्री ट्रांसपोर्ट सेवा
गौर हो कि मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला के पहले बजट भाषण में की गई घोषणा के बाद, जम्मू-कश्मीर सरकार ने 1 अप्रैल, 2025 से पूरे केंद्र शासित प्रदेश में महिलाओं के लिए पूरी तरह से मुफ़्त (जीरो-फेयर) पब्लिक ट्रांसपोर्ट सेवा शुरू की थी. महिलाएं बिना किसी परेशानी के इस सेवा का लाभ उठा रही हैं, और सरकार ने स्मार्ट ट्रांजिट प्लेटफॉर्म ‘चलो’ (Chalo) द्वारा संचालित ‘पिंक कार्ड’ भी पेश किया है.
ये खास ट्रांजिट कार्ड ऑटोमेटेड, कॉन्टैक्टलेस और बिना किसी परेशानी के मुफ्त यात्रा की सुविधा देते हैं. स्मार्ट सिटी नेटवर्क के जरिए इनके लिए आधिकारिक रजिस्ट्रेशन और कार्ड वितरण का काम सितंबर 2026 के अंत तक व्यवस्थित रूप से शुरू किया जाएगा.
