नेपाल के ब्रिटिश पर्वतारोही निर्मल पुर्जा की पाकिस्तान के ब्रॉड पीक पर बर्फीले तूफान (एवलांच) की चपेट में आने से मौत हो गई. यह जानकारी उन्हीं की कंपनी ने दी है. इस कंपनी में वह को-ऑनर थे. फिलहाल इस मामले में अभी पुष्टी का इंतजार है. पुर्जा ब्रॉड पीक पर एक कैंपेन पर थे. 30 जुलाई 2026 को उनकी टीम एक बर्फीले तूफान की चपेट में आ गई. फिलहाल इस घटना के बाद से पर्वतरोहियों से किसी तरह का संपर्क नहीं हो सका. निर्मल पुर्जा की मौत की पुष्टी उनकी कंपनी ने की है.
यह कंपनी एलीट एक्सपेड नाम से है. इसके मालिक पुर्जा के अलावा पर्वतारोही मिंगमा डेविड शेरपा और तेजन गुरुंग भी हैं. उन्होंने ही इंस्टाग्राम पर एक बयान जारी करते हुए मौत की खबर की पुष्टी की है.
कंपनी बोली- हमने सबसे महान पर्वतारोहियों में से एक को खो दिया
बयान में बताया गया कि बहुत दुख और भारी मन से हम पुष्टी करते हैं कि ब्रॉड पीक पर बर्फीले तूफान के बाद निर्मल निम्सदाई पुर्जा की दुख मौत हो गई है. हमें यह भी पुष्टी मिली है, कैंपेन के अन्य सदस्य भी दुर्भाग्य से जीवित नहीं बच पाए हैं.
इसके अलावा बयान में कहा गया है कि दुनिया ने पर्वतारोहण के सबसे महान पर्वतारोहियों में से एक को खो दिया है. एक ऐसा लीडर जिसने अपने साहस, विनम्रता और इस अटूट विश्वास से लाखों लोगों को प्रेरित किया कि इंसानी क्षमता अक्सर हमारी कल्पना से कहीं ज्यादा होती है. अपनी असाधारण उपलब्धियों से कहीं ज्यादा वे दुनिया को यह दिखाना चाहते थे कि जब आप बड़े सपने देखने की हिम्मत करते हैं, खुद पर विश्वास करते हैं, और सीमाओं को मानने सेइनकार कर देते हैं, तो क्या कुछ संभव हो सकता है.
पाकिस्तान स्थित ब्रॉड पीक सबसे ऊंची चोटियों में शामिल है
पाकिस्तान स्थित ब्रॉड पीक दुनिया की सबसे ऊंची चोटियों में से एक है. यहां एवलांच में बर्फीले तूफान आने की वजह अन्य पर्वतारोही लापता हो गए थे. इनमें 6 पर्वतारोहियों के साथ-साथ पाकिस्तान, ओमान, अमेरिका और चीन का एक पर्वतारोही शामिल था. यह सभी गुरुवार सुबह 9 बजे लापता हो गए थे.
निर्मल पुर्जा से जुड़े लाइफ फैक्ट्स
निर्मल पूर्जा निम्स दाई के नाम से मशहूर हैं. वह नेपाल में जन्में थे. 43 साल की उम्र के निर्मल ब्रिटिश सेना के पूर्व सैनिक भी रह चुके थे. उन्होंने 2019 में 189 दिनों में 14 सबसे ऊंची चोटियों पर चढ़ाई करके दुनिया भर में सुर्खियां बटोरी थीं. उस समय एक रिकॉर्ड बनाया था. उनकी इस उपलब्धि को नेटफ्लिक्स की डॉक्यूमेंट्री 14 पीक्स-नथिंग इज इम्पॉसिबल में दिखाया गया था. हालांकि साल 2023 में उनका यह रिकॉर्ड टूट गया था.
2021 में पुर्जा उन 10 नेपाली पर्वतरोहियों की टीम का हिस्सा थे, जिन्होंने पहली सफल शीतकालीन चढ़ाई पूरी की थी. पूर्णकालिक पर्वतारोही बनने से पहले पुर्जा ने रॉयल मरीन के स्पेशल बोट स्क्वाइड्रन में शामिल होने से पहले ब्रिटेन के ब्रिगेड ऑफ गोरखाज में सेवा की थी. नेपाल पर्वतारोहण संघ के पूर्व अध्यक्ष आंग शेरिंग शेरपा ने पुर्जा को दुनिया का सर्वेश्रेष्ठ पर्वतारोहियों में से एक बताया.
