Headlines

UK Board 12th Resul: हरिद्वार की वंशिका बनीं टॉपर, टैक्सी चालक की बेटी ने 97 प्रतिशत अंक पाकर बढ़ाया मान


Show Quick Read

Key points generated by AI, verified by newsroom

  • वंशिका ने 500 में से 485 अंक लाकर प्रदेश में तीसरा स्थान पाया.
  • साधारण परिवार से आने वाली वंशिका ने कड़ी मेहनत से सफलता हासिल की.
  • उन्होंने मोबाइल व सोशल मीडिया से दूरी बनाकर पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित किया.
  • वंशिका आगे चलकर शिक्षक बनकर बच्चों को अच्छी शिक्षा देना चाहती हैं.

उत्तराखंड बोर्ड 2026 के नतीजों में इस बार भी बेटियों ने शानदार प्रदर्शन किया है. इसी बीच हरिद्वार की रहने वाली वंशिका ने कमाल कर दिया है.सरस्वती विद्या मंदिर मायापुर की छात्रा वंशिका ने 500 में से 485 अंक यानी 97 प्रतिशत स्कोर कर पूरे प्रदेश में तीसरा स्थान हासिल किया है.उत्तराखंड बोर्ड ऑफ स्कूल एजुकेशन ने साल 2026 के हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के रिजल्ट घोषित किए तो पूरे राज्य में खुशी की लहर दौड़ गई. इस बार भी लड़कियों ने बढ़िया प्रदर्शन किया और टॉप रैंक में जगह बनाई. इन्हीं में हरिद्वार की वंशिका का नाम सबसे आगे आया, जिसने अपनी मेहनत से सभी को हैरान कर दिया.

साधारण परिवार से बड़ी उड़ान

वंशिका एक बहुत ही साधारण परिवार से आती हैं. उनके पिता एक टैक्सी चालक हैं और फिलहाल चारधाम यात्रा में यात्रियों को सेवा दे रहे हैं.घर की आर्थिक स्थिति ज्यादा मजबूत नहीं होने के बावजूद वंशिका ने कभी अपने सपनों से समझौता नहीं किया. उसने हमेशा पढ़ाई को प्राथमिकता दी और हर हाल में मेहनत जारी रखी.

मेहनत और पढ़ाई का सफर

वंशिका बताती हैं कि उन्होंने नियमित रूप से पढ़ाई की और किसी भी विषय को हल्के में नहीं लिया. स्कूल से आने के बाद वह घंटों तक पढ़ाई करती थीं. मोबाइल और सोशल मीडिया से दूरी बनाकर उन्होंने अपना पूरा ध्यान सिर्फ पढ़ाई पर रखा. शिक्षकों का भी कहना है कि वंशिका शुरू से ही एक होनहार छात्रा रही हैं और हर काम को जिम्मेदारी से करती थीं.

यह भी पढ़ें – UBSE Uttarakhand Board 10th Result 2026: उत्तराखंड बोर्ड 10वीं में अक्षत गोपाल बनीं टॉपर, देखें टॉपर्स लिस्ट में कितनी लड़कियां?

जब रिजल्ट आया और वंशिका के 97 प्रतिशत आने की खबर मिली तो पूरे परिवार में खुशी की लहर दौड़ गई.स्कूल में भी शिक्षकों ने मिठाई बांटी और वंशिका को सम्मानित किया. परिवार वालों का कहना है कि उन्हें अपनी बेटी पर गर्व है, जिसने कठिन परिस्थितियों में भी यह बड़ा मुकाम हासिल किया.वहीं वंशिका का सपना है कि वह आगे चलकर एक शिक्षक बने और बच्चों को अच्छी शिक्षा दे. वह चाहती हैं कि वह अपने जैसे कई और बच्चों की मदद कर सकें जो सीमित संसाधनों में पढ़ाई कर रहे हैं. उनका कहना है कि मेहनत और लगन से कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है.

यह भी पढ़ें – मुंह से लिखकर किया कमाल, 100% दिव्यांग फैजान बने मैट्रिक में स्टेट टॉपर

Education Loan Information:
Calculate Education Loan EMI



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *