शेख हसीना के प्रत्यर्पण की मांग को लेकर बांग्लादेश की तारिक रहमान सरकार धमकियों पर उतर आई है. ढाका ने अब भारत को आंख दिखाते हुए कहा है कि अगर संबंध सुधारने हैं तो शेख हसीना की वापसी जरूरी शर्त है. बांग्लादेश ने पूर्व पीएम शेख हसीना और अवामी लीग के महासचिव ओबैदुल कादर सहित कई नेताओं के प्रत्यर्पण की मांग रखी है.
बांग्लादेश में जुलाई 2023 में हुए हिंसक छात्र आंदोलन के बाद तत्कालीन प्रधानमंत्री शेख हसीना को देश छोड़कर भागना पड़ा था. इसके बाद उन्होंने भारत में शरण ली. इसके बाद तारिक रहमान के सत्ता में आने के बाद से ही बांग्लादेश कई मौकों पर भारत से शेख हसीना की वापसी की मांग करता रहा है. इस पूरे मामले पर भारत सरकार का कहना है कि वो तय कानूनों की जांच के बाद ही सोच समझकर फैसला लेगी.
शेख हसीना पर क्या हैं आरोप
दरअसल शेख हसीना को उनके ही देश में मौत की सजा सुनाई जा चुकी है. उन पर छात्र आंदोलन के दौरान दमन के आरोप लगे हैं और हसीना को मानवता के खिलाफ अपराध का दोषी माना गया है. इसके बावजूद शेख हसीना ने कहा है कि वो अपने देश लौटना चाहती हैं. भारत में शरण लेने के बाद पहली बार बीते महीने शेख हसीना ने मीडिया से बातचीत की.
मीडिया से बातचीत में बांगलादेश की पूर्व पीएम ने कहा कि वे आवामी लीग के अन्य नेताओं के साथ दिसंबर में बांग्लादेश जा सकती हैं. उन्होंने कहा है कि बांग्लादेश की जनता फैसला करेगी कि वो अपराधी हैं या नहीं. इससे पहले ही बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान के सूचना एवं प्रसारण मामलों के सलाहकार जाहेद उर रहमान ने बुधवार को प्रेस ब्रीफिंग में भारत के सामने शर्त रख दी.
बांग्लादेश के बिगड़े बोल
रहमान ने कहा कि शेख हसीना और अवामी लीग के अन्य नेताओं का प्रत्यर्पण ही रिश्ते सुधारने के लिए अहम शर्त होगी. उन्होंने बताया कि ढाका में भारत के उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी के साथ हुई बैठक में भी इस मुद्दे पर बात हुई है. इस बीच बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान भारत का दौरा कई बार टाल चुके हैं.
कब भारत आएंगे तारिक रहमान
भारत से मिले न्योते के बावजूद वे पहले चीन गए लेकिन अबतक भारत नहीं आए. वहीं भारत ने हाल ही में हुए ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के आउटरीच सत्र में शामिल होने के लिए बिम्सटेक अध्यक्ष के रूप में भी बांग्लादेश के पीएम को आमंत्रित किया था, लेकिन वह नई दिल्ली नहीं आए. अब खबर है कि वे दिसंबर में भारत आ सकते हैं.
ये भी पढ़ें
ट्रंप का चौंकाने वाला बयान- ‘मुझे बड़ा फैसला लेना, क्या मैं अंदर घुसकर…’
