Power Tarrif Hike: यूएस ईरान युद्ध की वजह से गैस और तेल की किल्लत और कीमतें बढ़ने से लोग परेशान थे. हालांकि फिलहाल इससे थोड़ी राहत मिल गई है. लेकिन अब बिजली के बिल की बढ़ने वाली कीमतों में आम जन की नींदे उड़ा दी हैं. मई का महीना आम जन के लिए एक बड़े झटके के साथ शुरू होने जा रहा है. खबरें हैं कि 1 मई से बैंगलुरू में बिजली के बिल में बढ़ेतरी होने वाली है.
फाइनेंशियल स्टेबिलिटी के लिए फैसला
बैंगलुरु में बिजली उपभोक्ताओं को 1 मई से बिजली का बिल प्रति यूनिट 56 पैसे के हिसाब से एक्स्ट्रा देना होगा. बैंगलुरु इलेक्ट्रिसिटी सप्लाई कंपनी लिमिटेड (BESCOM) ने बिजली के बिल की कीमतों में इजाफा कर दिया है. ये बढ़ोतरी कर्नाटक इलेक्ट्रिसिटी रेग्युलेटरी (KERC) की मंजूरी के बाद हुई है. इससे विद्युत वितरण कंपनियों को फाइनेशियल स्टेबिलिटी मिलेगी.
क्यों बढ़ीं कीमतें?
ये नई कीमतें टैरिफ ‘ट्रू-अप’ प्रक्रिया रेवेन्यू के लॉस से रिकवर करने के लिए लागू की गई हैं. जो वित्त वर्ष 2024-25 में लगभग 2,068 करोड़ रुपये की हुई थी. एडिशनल चार्ज 2024-27 के दौरान मासिक आधार पर वसूले जाएंगे और मई में पहली मीटर रीडिंग के बाद आपके बिजली बिल में दिखाई देंगे. इससे आम उपभोक्ताओं की जेब पर अच्छा- खासा असर पड़ने वाला है.
आदेश में बताया गया
इस आदेश में कहा गया है, ‘BESCOM वित्त वर्ष 2024-25 के हर एक्टिव अपभोक्ता के लिए, वित्त वर्ष 2024-25 के दौरान एक्चुअल एनर्जी कंजम्पशन के आधार पर वसूली जाने वाली राशि की गिनती करेगा. ये राशि वित्त वर्ष 2026-27 के दौरान समान मासिक किस्तों में वसूल की जाएगी, जिसे वित्त वर्ष 25 का वास्तविक शुल्क कहा जाएगा. ये वसूली 1 मई, 2026 को या उसके बाद पड़ने वाली पहली मीटर रीडिंग तारीख से शुरू होकर 30 अप्रैल, 2027 को खत्म होने वाली रीडिंग तक चलेगी.’
हालांकि, इस फैसले से आम जनता में नाराजगी भी देखी जा रही है. कई उपभोक्ताओं का कहना है कि पहले से ही महंगाई के दौर में बिजली बिल बढ़ने से घरेलू बजट पर बोझ पड़ेगा. खासतौर पर मिडिल क्लास परिवारों के लिए ये बढ़ोतरी चिंता का कारण बन सकती है.
