उत्तर प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री अनिल राजभर ने समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव पर निशाना साधा है. उन्होंने कहा कि सपा ‘पीडीए’ के नाम पर पिछड़ों की आंखों में धूल झोंक रही है. वहीं, बीजेपी मुख्य प्रवक्ता दिनेश प्रताप सिंह ने कहा कि एनडीए की ताकत से अखिलेश यादव घबरा गए हैं. सपा और कांग्रेस का गठबंधन अब ‘लठबंधन’ में बदल चुका है.
अनिल राजभर ने कहा कि सपा और अखिलेश यादव का इतिहास पिछड़ों और दलितों के अपमान से भरा है. अखिलेश यादव को यह बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की कोई गैर यादव ओबीसी उनकी बराबरी करे. उन्होंने कहा कि सपा शासनकाल में कल्याण सिंह और सोनेलाल पटेल जैसे बड़े नेताओं को बार-बार अपमानित किया गया.
‘सपा सरकार में एक मजहब का था बोलबाला’
अनिल राजभर ने कहा कि सपा सरकार में केवल एक मजहब का बोलबाला था. लेकिन योगी सरकार में हर जाति, वर्ग और मजहब को सम्मान मिलता है. श्रृंगवेरपुर धाम में भगवान राम और भगवान निषादराज की गले मिलती हुई मूर्ति इसका प्रतीक है.
‘राज्यसभा चुनाव में दिख गई अखिलेश के पीडीए की हकीकत’
दिनेश प्रताप सिंह ने कहा कि अखिलेश यादव के पीडीए की हकीकत को प्रदेश की जनता ने राज्यसभा चुनाव में देख लिया है. उन्होंने कहा कि 2027 का चुनाव अखिलेश के लिए संविधान बचाने का नहीं, बल्कि अपना परिवार बचाने का है.
बीजेपी प्रवक्ता ने सपा और कांग्रेस के बीच सीट शेयरिंग को लेकर चल रही तनातनी को लेकर कहा कि इनका गठबंधन अब लठबंधन में बदल चुका है. दोनों पार्टियों की सिर-फुटौव्वल अब खुलकर सामने आ रही है.
